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1. लगातार खांसी
आम तौर पर सरà¥à¤¦à¥€ से संबंधित खांसी à¤à¤• या दो सपà¥à¤¤à¤¾à¤¹ में कम हो जाती है। लेकिन अगर यह फिर à¤à¥€ बना रहता है, तो आपको डॉकà¥à¤Ÿà¤° से सलाह लेनी चाहिà¤à¥¤ यदि आप धूमà¥à¤°à¤ªà¤¾à¤¨ करते हैं और आप अपनी खांसी में कोई बदलाव देखते हैं जैसे कि अधिक बार खाà¤à¤¸à¥€, करà¥à¤•श आवाज के साथ खाà¤à¤¸à¥€, सामानà¥à¤¯ से अधिक बलगम या खून खांसी, तो आपको फेफड़ों के कैंसर के किसी à¤à¥€ जोखिम से बचने के लिठडॉकà¥à¤Ÿà¤° से परामरà¥à¤¶ करने की आवशà¥à¤¯à¤•ता है
2. सांस की तकलीफ
यदि आप अपने दैनिक कारà¥à¤¯à¥‹à¤‚ को करते समय सांस की तकलीफ का अनà¥à¤à¤µ करते हैं, तो आपको फेफड़ों के कैंसर की जांच करानी चाहिà¤à¥¤ यह फेफड़े के टà¥à¤¯à¥‚मर के बà¥à¤²à¥‰à¤• होने, वायà¥à¤®à¤¾à¤°à¥à¤— के संकà¥à¤šà¤¿à¤¤ होने या छाती में तरल पदारà¥à¤¥ के निरà¥à¤®à¤¾à¤£ के कारण हो सकता है।
3. छाती और हडà¥à¤¡à¥€ में दरà¥à¤¦
यदि आपको छाती, कंधे या पीठके कà¥à¤·à¥‡à¤¤à¥à¤° में दरà¥à¤¦ का अनà¥à¤à¤µ होता है, तो संà¤à¤¾à¤µà¤¨à¤¾ है कि फेफड़ों का कैंसर हडà¥à¤¡à¤¿à¤¯à¥‹à¤‚ में फैल गया है जिससे दरà¥à¤¦ हो रहा है। यदि कैंसर मसà¥à¤¤à¤¿à¤·à¥à¤• में फैल गया है तो कई नà¥à¤¯à¥‚रोलॉजिकल लकà¥à¤·à¤£ और सिरदरà¥à¤¦ à¤à¥€ हो सकते हैं। इसलिठअगर दरà¥à¤¦ दूर नहीं होता है तो डॉकà¥à¤Ÿà¤° से सलाह लें।
4. घरघराहट असà¥à¤¥à¤®à¤¾ या à¤à¤²à¤°à¥à¤œà¥€
जैसे कई कारणों से आपको घरघराहट का अनà¥à¤à¤µ हो सकता है । हालांकि, यह फेफड़ों के कैंसर से à¤à¥€ जà¥à¤¡à¤¼à¤¾ हो सकता है। यदि घरघराहट बनी रहती है, तो फेफड़ों के कैंसर की किसी à¤à¥€ संà¤à¤¾à¤µà¤¨à¤¾ से इंकार करने के लिठडॉकà¥à¤Ÿà¤° से परामरà¥à¤¶ लें।
5. आवाज में बदलाव
यदि आप देखते हैं कि हाल ही में आपकी आवाज गहरी और करà¥à¤•श हो गई है या कोई अनà¥à¤¯ महतà¥à¤µà¤ªà¥‚रà¥à¤£ परिवरà¥à¤¤à¤¨ नोटिस करते हैं, तो यह à¤à¤• साधारण सरà¥à¤¦à¥€ हो सकती है। लेकिन अगर सà¥à¤¥à¤¿à¤¤à¤¿ बनी रहती है, तो कृपया डॉकà¥à¤Ÿà¤° से परामरà¥à¤¶ लें ।
6. लगातार छाती में संकà¥à¤°à¤®à¤£
लगातार छाती में संकà¥à¤°à¤®à¤£ जो à¤à¤‚टीबायोटिक दवाओं का जवाब नहीं देता है, थूक में रकà¥à¤¤ और बà¥à¤°à¥‹à¤‚काइटिस और निमोनिया जैसे संकà¥à¤°à¤®à¤£ जो वापस आते रहते हैं, फेफड़ों के कैंसर के चेतावनी संकेत हो सकते हैं।
7. à¤à¥‚ख में कमी, वजन में कमी और थकान
जबकि à¤à¥‚ख में कमी, वजन में कमी और थकान कई अनà¥à¤¯ पà¥à¤°à¤•ार के कैंसर या बीमारियों से संबंधित गैर-विशिषà¥à¤Ÿ लकà¥à¤·à¤£ हो सकते हैं, यदि आप लगातार और असà¥à¤ªà¤·à¥à¤Ÿà¥€à¤•ृत परिवरà¥à¤¤à¤¨ देखते हैं, तो डॉकà¥à¤Ÿà¤° से परामरà¥à¤¶ करने की सलाह दी जाती है।
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